रेप तथा अन्य कहानियां / सरोजनी साहू: रेप से बड़ा शायद ही कोई अपमान हो. यह हर उस समाज के मुहँ पर करारा तमाचा है जो सभ्य होने का दावा करता है. पर क्या रेप केवल एक अनजान आदमी के हाथों ही होता है? क्या रेप केवल शरीर का ही हो सकता है? प्रस्तुत कहानियां...